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बेट्टी फ्रीडन — सूक्ति व विचार

बेट्टी फ्रीडन के प्रेरित करने वाले विचार, सूक्तियाँ और उद्धरण — हिंदी में। बेट्टी फ्रीडन के प्रसिद्ध विचार पढ़ें और उन्हें तस्वीर बनाकर WhatsApp, Facebook या Instagram पर साझा करें।

“पुरुष दुश्मन नहीं है, बल्कि सहचर पीड़ित है। असली शत्रु स्त्रियों द्वारा ख़ुद की आलोचना करना है।”

— बेट्टी फ्रीडन

“स्त्रियों को पूरी मानव नियति में हिस्सेदारी के बजाय आधे जीवन की तस्वीर को क्यों स्वीकार करना चाहिए?”

— बेट्टी फ्रीडन

“समस्या हमेशा बच्चों की माँ या मंत्री की पत्नी होने में और—कभी भी—जो हो वह नहीं होने में होती है।”

— बेट्टी फ्रीडन

“किसी स्त्री—और पुरुष के लिए भी—ख़ुद को तलाशने और एक व्यक्ति के रूप में जानने का एकमात्र साधन, अपना मौलिक कार्य है।”

— बेट्टी फ्रीडन

“कौन जानता है कि स्त्रियाँ तब क्या हो सकती हैं, जब वे अंततः अपनी मर्ज़ी से जीने के लिए स्वतंत्र हो जाएँगी।”

— बेट्टी फ्रीडन

“बूढ़ा हो जाना जवानी को खो देना नहीं है, बल्कि अवसर और ताक़त का नया कार्यक्षेत्र है।”

— बेट्टी फ्रीडन

“जब उसने स्त्रीत्व की पारंपरिक तस्वीर के अनुरूप जीना बंद कर दिया, तब वह आख़िरकार स्त्री होने का आनंद लेने लगी।”

— बेट्टी फ्रीडन

“आपके पास सब कुछ हो सकता है, मगर वह एक साथ नहीं हो सकता।”

— बेट्टी फ्रीडन

“स्त्रीवाद ने स्त्री की पुरानी छवि को नष्ट कर दिया; लेकिन वह उस विद्वेष, पूर्वाग्रह और भेदभाव को ख़त्म नहीं कर पाया जो अभी तक विद्यमान है।”

— बेट्टी फ्रीडन

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