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कालिंदीचरण पाणिग्राही — सूक्ति व विचार

कालिंदीचरण पाणिग्राही के प्रेरित करने वाले विचार, सूक्तियाँ और उद्धरण — हिंदी में। कालिंदीचरण पाणिग्राही के प्रसिद्ध विचार पढ़ें और उन्हें तस्वीर बनाकर WhatsApp, Facebook या Instagram पर साझा करें।

“मुझे स्वर्ग अच्छा नहीं लगता। यह मृत्युलोक ही मेरे लिए स्नेह-सदन है, सुख की मणि है।”

— कालिंदीचरण पाणिग्राही

“हे धरित्री, तुमने असंख्य शोणित-दाग़ धारण किए हैं तुम्हारा अंगराग बार-बार मलिन हुआ है। तुम्हारे हृदय को तृप्तिहीन रक्ततृषा और क्षमाहीन प्रतिहिंसा ने दग्ध किया है और तुम चिरकाल से क्षुब्ध रही हो।”

— कालिंदीचरण पाणिग्राही

“अतीत का क्षीण अवशेष ही नवीन का मेरुदंड है। ओ सफ़ेद केशों वाले पुरातन! तुम्हीं भविष्य के शासक हो।”

— कालिंदीचरण पाणिग्राही

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